एक म्यूजिशियन जो ट्रैन में भीख मांगता था, उसे रेडियो पर गाने का मौका मिला और फिर क्या हुआ आप सोच भी नहीं सकते

सबके अपने - अपने सपने होते हैं मगर किसी किस्मत वाले का सपना ही पूरा होता है। कहते हैं ना भगवान के घर में देर है मगर अंधेर नहीं।